तृतीय वर्ष, 2021 की छात्राओं के लिए विशेष संदेश
नमस्कार
आज का दिन तृतीय वर्ष की छात्राओं के लिए बहुत विशेष है। उनका विदाई समारोह है, बेशक आप कॉलेज से चली जाएंगी लेकिन आप सब के साथ बिताया गया समय , आप सबका व्यवहार, काम, आप सब की बातें, आपकी यादें हमेशा हमारे साथ रहेंगी । वास्तव में देखा जाए तो ये खुशी का दिन है क्योंकि आप सब अपने मुकाम या मंजिल की और बढ़ रही हैं।
आज मुझे पुराने विदाई समारोह भी याद आ रहे हैं, जब लड़कियां नई साड़ियां पहन कर, सज-धज कर, बड़े जोश के साथ आती थीं, गले मिलती थीं,आंखों में आंसू होते थे, यादें होती थी... इसके साथ ही मुझे इस बात पर खेद भी है कि पिछले वर्ष हमारी बच्चियों ने ये सोचकर फेयरवेल लेने से मना कर दिया था कि शायद अगले वर्ष तक महामारी खत्म हो जाएंगी लेकिन हालात पिछले साल से भी ज्यादा खराब हैं, आज परिस्थितियां बहुत ही चिंताजनक हैं, समय बहुत भयभीत करने वाला है। खैर... हिम्मत और धैर्य रखेंगे तो ये समय भी बीत ही जाएगा। कहते हैं -
"सूरज शाम को ढल ही जाता है
फूल बसंत में खिल ही जाता है
मुसीबत में हिम्मत न हारना मेरे दोस्त
समय कैसा भी हो गुजर ही जाता है।
तो ये समय भी चला ही आएगा"
मैं आपको कहना चाहुंगी कि आप तो हिंदी विभाग की बेटियां हैं जिस तरह से मायके वाले अपनी बेटियों के साथ हमेशा खड़े रहते हैं हर संभव उनकी मदद करते हैं उनके अच्छे भविष्य की कामना करते हैं, उसी प्रकार हिंदी विभाग भी आपके उज्ज्वल भविष्य की कामना करता है। आपको खुले आसमान में उड़ान भरते हुए, आगे बढ़ते हुए देखना चाहता है। इस सफर में कभी भी आपको जरूरत पड़े हम हमेशा आपकी मदद के लिए तैयार हैं
अंत में मैं 2 पंक्तियों से अपनी बात खत्म करना चाहूंगी-
सोचा!!! बहुत सोचा,
क्या दूं मैं तुमको आज ,
बहुत ही खासमखास,
जो रहे हमेशा तुम्हारे साथ ,
तभी दिल पर रखा अपना हाथ ,
हुआ मुझे एक प्यारा सा अहसास,
और मन किया दे दूं तुम्हें आज ,
जीभकर दुआएं और आशीर्वाद ..
अत: सभी प्यारी बालिकाओं के लिए ढेर सारी दुआएं, प्यार और आशीर्वाद। आप अपनी शिक्षा और संस्कार से भविष्य में मैत्रेयी कुटुंब का नाम रोशन करें,यही हम सब की कामना है, इसके लिए तुम्हें ढेर सारी शुभकामनाएं।
धन्यवाद
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